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*आज कई माँ बाप उस बंजर पेड की तरह अपने बच्चों की राह देख रहे है।*

*एक बच्चे को आम का पेड़ बहुत पसंद था।* *जब भी फुर्सत मिलती वो आम के पेड के पास पहुच जाता।* *पेड के उपर चढ़ता,आम खाता,खेलता और थक जाने पर उसी की छाया मे सो जाता।* *उस बच्चे और आम के पेड के ब...

*माँ बाप एकाकी जीवन जीरहे हैं और बेटा सफलता और दौलतकी चकाचौंध में खो कर सब कुछ भूल चुका है ।*

पापा पापा मुझे चोट लग गई खून आ रहा है 5 साल के बच्चे के मुँह से सुनना था कि पापा सब कुछ छोड़ छाड़  कर गोदी में उठाकर एक किलो मीटर की दूरी पर क्लिनिक तक भाग भाग कर ही पहुँच गए दुकान कैश काउंटर सब नौकर के भरोसे छोड़ आये सीधा  डाक्टर के केबिन में दाखिल होते हुए  डॉक्टर को बोले देखिये देखिये डॉक्टर मेरे बेटे को क्या हो गया डॉक्टर साहब ने देखते हुए कहा अरे भाई साहब घबराने की कोई बात है मामूली चोट है.... ड्रेसिंग कर दी है ठीक हो जायेगी। डॉक्टर साहब कुछ पेन किलर लिख देते दर्द कम हो जाता ।  अच्छी से अच्छी दवाईया लिख देते ताकि जल्दी ठीक हो जाये घाव भर जाये *डाक्टर* अरे भाई साहब क्यों इतने चिंतित हो रहे हो कुछ नहीं हुआ है 3-4दिन में ठीक हो जायेगा पर डॉक्टर साहब  इसको रात को नींद तो आजायेगी ना । *डॉक्टर* अरे हाँ भाई हाँ निश्चित  रहो ।  बच्चे को लेकर लौटे तो नौकर बोला सेठ जी  आपका ब्रांडेड  महंगा शर्ट खराब हो गया खून लग गया अब ये दाग नही निकलेंगे *भाई साहब* कोई नहीं ऐसे शर्ट बहुत आएंगे जायेंगे मेरे बेटे का खून बह गया वो चिंता खाये जा रही है कमजोर नहीं ...

*आप मेरे पिता को कब से जानते हैं ?*

एक बेटा अपने बूढ़े पिता को वृद्धाश्रम एवं अनाथालय में छोड़कर वापस लौट रहा था; उसकी पत्नी ने उसे यह सुनिश्चत करने के लिए फोन किया कि पिता त्योहार वगैरह की छुट्टी में भी वहीं रहें! घर ना चले आया करें ! बेटा पलट के गया तो पाया कि उसके पिता वृद्धाश्रम के प्रमुख के साथ ऐसे घलमिल कर बात कर रहे हैं जैसे बहुत पुराने और प्रगाढ़ सम्बंध हों…तभी उसके पिता अपने कमरे की व्यवस्था देखने के लिए वहाँ से चले गए..अपनी उत्सुकता शांत करने के लिए बेटे ने अनाथालय प्रमुख से पूँछ ही लिया…“आप मेरे पिता को कब से जानते हैं ? ”मुस्कुराते हुए वृद्ध ने जवाब दिया…“पिछले तीस साल से…जब वो हमारे पास एक अनाथ बच्चे को गोद लेने आए थे! ”